देवा पुलिस को मिली बड़ी सफलता अन्तर्जनपदीय 3 शातिर आटोलिफ्टर गिरफ्तार
चोरी की चार मोटरसाइकिल हुई बरामद
रिपोर्ट-अज़मी रिज़वी-अकरम खान
बाराबंकी। देवा थाना प्रभारी अनिल कुमार पाण्डेय को उस समय बड़ी सफलता हाथ लगी जब उन्होने थाना देवा पुलिस टीम के साथ अन्तर्जनपदीय 3 शातिर आटोलिफ्टर को चोरी की 4 अदद मोटर साइकिल के साथ गिरफ्तार करने मे सफलता हासिल की।जानकारी के अनुसार
पुलिस अधीक्षक दिनेश कुमार सिंह द्वारा जनपद मे अपराध पर प्रभावी नियंत्रण लगाने हेतु अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी चिरंजीव नाथ सिन्हा के निर्देशन व क्षेत्राधिकारी नगर जगतराम कन्नौजिया के पर्यवेक्षण, प्रभारी निरीक्षक थाना देवा अनिल कुमार पाण्डेय के नेतृत्व मे उप निरीक्षक धर्मेन्द्र प्रताप सिंह,अखिलेश प्रजापति,सत्यपाल यादव,हेड कांस्टेबल रामजी पाल, कांस्टेबल हरवंश कुमार, मुकेश कुमार, भुवनेश कुमार थाना देवा पुलिस टीम द्वारा आज माती-बेहटा मार्ग, सरसौंदी मोड़ के पास से चेकिंग के दौरान अन्तर्जनपदीय 3 अभियुक्तो,आटोलिफ्टर शिवराज पुत्र मनोहर निवासी बंकी दक्षिण टोला थाना कोतवाली नगर,अमित पुत्र राजेश,अंकुल पुत्र विजय शंकर यादव निवासीगण बौध नगर खेवली थाना देवा को गिरफ्तार किया गया एवं मौके से एक अभियुक्त अमित उर्फ कज्जर अंधेरे का फायदा उठाकर भागने में सफल रहा।अभियुक्तो के कब्जे, निशांदेही पर चोरी की 4 अदद मोटर साइकिल बरामद की गयी।पूछताछ में ज्ञात हुआ कि अभियुक्तो द्वारा जनपद बाराबंकी व आस-पास के जनपदों से मोटर साइकिल चोरी करके चोरी की गई मोटर साइकिलों की नंबर प्लेट को बदल देते हैं।अभियुक्तो द्वारा अपने अन्य साथी अमित उर्फ कज्जर पुत्र मिश्री लाल निवासी खेवली थाना देवा के साथ मिलकर 20 दिन पूर्व थाना देवा क्षेत्र के तिन्दोला गांव से मोटर साइकिल चोरी करने की घटना कारित की गई थी।जिसके सम्बन्ध में थाना देवा पर मुअसं 597/ 2024 धारा 303(2) B.N.S. पंजीकृत है जिसका सफल अनावरण किया गया।अभियुक्तो द्वारा डेढ़ महीने पूर्व थाना रामनगर क्षेत्र के बरियारपुर गांव से एवं जनपद लखनऊ के विभिन्न स्थानो से भी मोटर साइकिल चोरी करने की घटना कारित की गयी है।अभियुक्तो को मोटर साइकिल बेचने हेतु जाते समय गिरफ्तार किया गया व अन्य फरार,वांछित अभियुक्त की गिरफ्तारी हेतु पुलिस टीम का गठन किया गया है।पूर्व मे अभियुक्त शिवराज, थाना फतेहपुर से हत्या के अभियोग मे जेल जा चुका है। बरामदगी के आधार पर मुकदमा उपरोक्त में धारा 317(2)/317(4)/317(5)//318(4)/336(3)/340(2) B.N.S. की बढोत्तरी की गयी।
