रोजा अफ्तार देता है भाईचारे और इंसानियत का पैगाम मोहम्मद सालिम
हीरो एजेन्सी जैदपुर पर हुआ भव्य रोजा इफ्तार का आयोजन

जैदपुर बाराबंकी। कस्बे के भानमऊ रोड स्थित हीरो एजेंसी पर हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी रोजा अफ्तार का भव्य आयोजन किया गया। इस आयोजन का इंतेजम एजेंसी के प्रोपराइटर मोहम्मद सालिम ने किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में रोजेदारों, स्थानीय लोगों एवं एजेंसी के स्टाफ ने शिरकत कर आपसी सौहार्द, एकता और भाईचारे का संदेश दिया।
रूहानी माहौल में हुआ इफ्तार, अमन-चैन की मांगी गई दुआएं
रोजा अफ्तार के मौके पर माहौल पूरी तरह रूहानी और भाईचारे से सराबोर नजर आया। सभी ने एक साथ रोजा खोलकर मुल्क में अमन-चैन, तरक्की और खुशहाली के लिए दुआएं कीं। इस दौरान लोगों ने एक-दूसरे को गले लगाकर मोहब्बत और एकता का संदेश भी दिया।
रमजान इंसानियत और हमदर्दी का महीना मोहम्मद सालिम
इस अवसर पर मोहम्मद सालिम ने अपने विस्तृत संबोधन में कहा कि माह-ए-रमजान केवल इबादत का ही नहीं बल्कि इंसानियत, सब्र, रहमत और मगफिरत का महीना है। उन्होंने कहा कि रोजा हमें भूख और प्यास के जरिए गरीबों और जरूरतमंदों का एहसास कराता है, जिससे हमारे दिलों में हमदर्दी और सेवा की भावना पैदा होती है।
जरूरतमंदों की मदद करना हम सबकी जिम्मेदारी
उन्होंने आगे कहा कि,“रमजान का महीना हमें यह सिखाता है कि हम अपने अंदर के गुनाहों से तौबा करें और नेक रास्ते पर चलें। रोजा सिर्फ भूखे-प्यासे रहने का नाम नहीं, बल्कि अपने विचारों, व्यवहार और चरित्र को बेहतर बनाने का जरिया है। इस पवित्र महीने में हमें ज्यादा से ज्यादा जरूरतमंदों की मदद करनी चाहिए, ताकि समाज में कोई भी खुद को अकेला या कमजोर महसूस न करे।”
इफ्तार से मजबूत होती है आपसी एकता और भाईचारा
मोहम्मद सालिम ने यह भी कहा कि आज के दौर में जब समाज में कई तरह की दूरियां देखने को मिलती हैं, ऐसे आयोजन आपसी भाईचारे और एकता को मजबूत करने का काम करते हैं।
“इफ्तार जैसे कार्यक्रम हमें एक मंच पर लाते हैं, जहां सभी लोग बिना किसी भेदभाव के एक साथ बैठकर रोजा खोलते हैं। यह नजारा हमें गंगा-जमुनी तहजीब की याद दिलाता है और समाज में प्यार और भाईचारे को बढ़ावा देता है।”
सैकड़ों लोगों की रही मौजूदगी
कार्यक्रम में मास्टर मोहम्मद अहमद,मुबीन प्रधान दादरा,वकील खजूर, चांद खान, नदीम खान, परवेज खान, मोहम्मद कासिम, अकरम, मुकीम खान, मोहम्मद आसिम, हाजी ताज, मेहबूब टेलर्स, बब्लू खान, एकराम (मेंबर), हसीन अंसारी,मोहम्मद शफीक खान, मोहम्मद शादाब,मोहम्मद फरजान,शानू सहित सैकड़ों लोग मौजूद रहे।
भाईचारे की मिसाल बना इफ्तार कार्यक्रम
इफ्तार के दौरान आपसी एकता और भाईचारे का अनूठा दृश्य देखने को मिला, जिसने पूरे माहौल को मोहब्बत और भाईचारे की मिसाल बना दिया।
