रामनगर बाराबंकी। खण्ड विकास अधिकारी मोनिका पाठक की कार्यशैली को लेकर प्रधान संघ के जिलाध्यक्ष राम कुमार मिश्र की ओर से हुए धरना प्रदर्शन के विरोध में उनके ही ब्लाक अध्यक्ष राहुल कुमार वर्मा ने हुंकार भर दी है।उन्होने बुधवार को पत्रकारों से वार्ता करते हुए कहाकि धरना मेरे संघ का था और मै ब्लाक अध्यक्ष हूं।मुझे ही नहीं अधिकतर ग्राम प्रधानो को लिखित अथवा मौखिक रुप मे पूछा भी नहीं गया।अब खंड विकास अधिकारी जल्द ही पोस्ट हुई है।गौशालाओं और मनरेगा कार्यों में सुधार की कवायद ने राजनीतिक रुप ले उन्हे अपने आगोश मे ले लिया।मनरेगा के कार्य की हुई शिकायत और टीम के द्वारा जांच करवाये जाने पर ग्राम प्रधान बरियारपुर गरिमा यादव पूरी तरह से दोषी पाई गयी।अब दोषी प्रधान को बचाये जाने के लिये धरना प्रदर्शन कर हाल मे तैनात हुई बीडीओ के खिलाफ झूठा आरोप लगाया जाना उचित नही है।जिनका काम धरातल पर नही है ऐसे लोगो ने सोची समझी रणनीति के तहत विरोध प्रदर्शन किया।जिनकी मंशा ब्लाक और ब्लाक प्रमुख की छवि को धूमिल करने का प्रयास भर है।धरना प्रदर्शन से पहले प्रधान पति अंकज यादव ने आत्मदाह की धमकी बीडीओ और ब्लाक प्रमुख श्री तिवारी को पत्र देकर दी थी।जिसमे वह कार्यवाही से तो बच गये।जिस पर क्षेत्र के अधिकतर ग्राम प्रधानो ने पत्र लिखकर धरने को ग़लत करार दिया है।इस मामले में गौरतलब बात तो यह है कि प्रधानो के धरना प्रदर्शन के बाद अन्दर खाने हुई जांच की आंच धीरे धीरे ही सही बाहर आने लगी है।जानकारो के मुताबिक दस ग्राम पंचायते ऐसी है जहां धरातल से पंचायतो के अभिलेखों का कोई मेल नही है।अब देखनी वाली है बात तो यह है कि धरना प्रदर्शन और दबाव की रणनीति उनके लिये कितना कारगर साबित होगी यह तो आने वाला समय तय करेगा।आगे जो होगा वह देखा जायेगा।
